07 मई 2026 | वॉशिंगटन
United States और Iran के बीच जारी तनाव के बीच अमेरिकी सेना ने ओमान की खाड़ी में एक ईरानी तेल टैंकर पर हमला किया है। यह कार्रवाई ऐसे समय हुई है जब दोनों देशों के बीच आधिकारिक तौर पर सीजफायर लागू है। घटना के बाद क्षेत्र में तनाव एक बार फिर बढ़ गया है।
अमेरिकी सेंट्रल कमांड के अनुसार ईरानी तेल टैंकर अमेरिकी नाकाबंदी को तोड़कर बंदरगाह की ओर बढ़ने की कोशिश कर रहा था। इसी दौरान अमेरिकी लड़ाकू विमान ने टैंकर के रडर यानी दिशा नियंत्रित करने वाले हिस्से को निशाना बनाया। अमेरिकी अधिकारियों का दावा है कि यह कार्रवाई “रणनीतिक रोकथाम” के तहत की गई।
इस बीच अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने ईरान को फिर से कड़ी चेतावनी दी है। ट्रंप ने कहा कि यदि ईरान अमेरिकी शर्तों के अनुसार समझौता नहीं करता है तो बमबारी दोबारा शुरू हो सकती है। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा कि “अगर समझौता नहीं हुआ तो हम हमला करेंगे और यह पहले से कहीं ज्यादा बड़े स्तर और अधिक तीव्रता वाला होगा।”
ट्रंप ने यह भी दावा किया कि दो महीने से जारी संघर्ष जल्द समाप्त हो सकता है और इसके बाद तेल एवं गैस आपूर्ति फिर से सामान्य हो सकती है। उन्होंने कहा कि अमेरिका उन लोगों से बातचीत कर रहा है जो समझौता करना चाहते हैं।
वहीं ईरान सरकार ने कहा है कि वह अमेरिका के नए प्रस्तावों पर विचार कर रही है। हालांकि तेहरान की ओर से अमेरिकी हमले को लेकर तीखी प्रतिक्रिया आने की संभावना जताई जा रही है। रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि सीजफायर के बावजूद इस तरह की सैन्य कार्रवाई मिडिल ईस्ट में हालात को और अस्थिर कर सकती है।


