नई दिल्ली। कांग्रेस नेता Sonia Gandhi के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने की मांग को लेकर दायर याचिका पर दिल्ली के Rouse Avenue Court में सुनवाई हुई। कोर्ट ने मामले में सभी पक्षों को एक सप्ताह के भीतर अपनी लिखित दलीलें दाखिल करने का निर्देश दिया है।

शिकायतकर्ता वकील Vikas Tripathi ने अदालत में कहा कि वह फिलहाल केवल पुलिस जांच की मांग कर रहे हैं। उन्होंने यह भी अनुरोध किया कि इस मामले में Election Commission of India की रिपोर्ट को रिकॉर्ड में लेने की अनुमति दी जाए। शिकायतकर्ता की ओर से दलीलें पूरी कर ली गई हैं, जबकि सोनिया गांधी के वकील भी अपना पक्ष रखेंगे।

याचिका में आरोप लगाया गया है कि सोनिया गांधी का नाम 1980 में नई दिल्ली की मतदाता सूची में शामिल किया गया था, जबकि उन्होंने 30 अप्रैल 1983 को भारतीय नागरिकता प्राप्त की थी। इस आधार पर शिकायतकर्ता ने मतदाता सूची में नाम दर्ज होने की प्रक्रिया की वैधता पर सवाल उठाते हुए संभावित अनियमितताओं और दस्तावेजों की जांच की मांग की है।

वहीं, Sonia Gandhi ने इन आरोपों को निराधार और राजनीतिक रूप से प्रेरित बताया है। उनका कहना है कि शिकायतकर्ता आरोपों के समर्थन में कोई ठोस और विश्वसनीय साक्ष्य प्रस्तुत करने में विफल रहा है।

अदालत ने मामले की अगली सुनवाई के लिए 16 मई की तारीख तय की है, जिसमें दोनों पक्ष अपनी विस्तृत दलीलें पेश करेंगे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Posts