जगदलपुर, 17 जुलाई 2026। संभागीय वाहन चालक एवं यांत्रिकी कर्मचारी संघ ने शुक्रवार को कलेक्टर और संभागायुक्त (कमिश्नर) को ज्ञापन सौंपकर सरकारी वाहन चालकों के कथित शोषण तथा शासकीय वाहनों के दुरुपयोग का मुद्दा प्रमुखता से उठाया। संघ ने आरोप लगाया कि कई विभागों में वाहन चालकों से नियमों के विपरीत कार्य कराया जा रहा है, जिससे कर्मचारियों में असंतोष बढ़ता जा रहा है।
संघ के अनुसार कई अधिकारी वाहन चालकों से अवकाश के दिनों और निर्धारित ड्यूटी समय के बाद भी गैर-जरूरी कार्य कराते हैं। यदि कोई चालक इसका विरोध करता है तो उसे वेतन रोकने, तबादला करने या अन्य स्थान पर अटैच करने जैसी कार्रवाई की धमकी दी जाती है। इससे वाहन चालक मानसिक और प्रशासनिक दबाव का सामना करने को मजबूर हैं।
ज्ञापन में संघ ने यह भी आरोप लगाया कि कई स्थानों पर शासकीय वाहनों का उपयोग निजी कार्यों में किया जा रहा है, जिससे सरकारी संसाधनों और सरकारी धन का दुरुपयोग हो रहा है। इस पर रोक लगाने के लिए सभी शासकीय वाहनों में जीपीएस ट्रैकिंग सिस्टम लगाने, वाहनों की लॉगबुक का नियमित ऑडिट कराने तथा उनके संचालन की प्रभावी निगरानी सुनिश्चित करने की मांग की गई है।
संघ पदाधिकारियों ने बताया कि कलेक्टर और संभागायुक्त ने उनकी मांगों पर सकारात्मक रुख अपनाते हुए आवश्यक कार्रवाई और दिशा-निर्देश जारी करने का आश्वासन दिया है। वहीं संघ ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही उनकी मांगों पर ठोस निर्णय नहीं लिया गया तो प्रदेशव्यापी आंदोलन की रणनीति बनाई जाएगी।
