कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों और रुपये के रिकॉर्ड निचले स्तर पर पहुंचने के बीच घरेलू शेयर बाजार में भारी गिरावट देखने को मिली। शुरुआती कारोबार में ही BSE Sensex 600 अंकों से ज्यादा टूट गया, जबकि Nifty 50 23,400 के स्तर से नीचे फिसल गया।
बाजार में बिकवाली का असर मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों पर भी दिखा। निफ्टी स्मॉलकैप 100 और निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स में करीब 1 प्रतिशत तक की गिरावट दर्ज की गई। सेक्टोरल इंडेक्स की बात करें तो ऑटो, मेटल, PSU बैंक और रियल्टी सेक्टर सबसे ज्यादा दबाव में रहे।
शेयर बाजार में अचानक आई इस गिरावट से निवेशकों को भारी नुकसान हुआ। Bombay Stock Exchange में सूचीबद्ध कंपनियों का कुल मार्केट कैपिटलाइजेशन शुरुआती कुछ सेकंड में ही करीब 2.5 लाख करोड़ रुपये घट गया।
सुबह करीब 9:20 बजे तक सेंसेक्स 534 अंकों की गिरावट के साथ 74,666 के स्तर पर कारोबार कर रहा था, जबकि निफ्टी 169 अंक टूटकर 23,449 पर पहुंच गया। इंट्रा-डे ट्रेडिंग के दौरान सेंसेक्स 74,529 तक और निफ्टी 23,397 तक फिसल गया था।
विशेषज्ञों के मुताबिक, वैश्विक बाजारों में अनिश्चितता, कच्चे तेल की कीमतों में तेजी और रुपये की कमजोरी ने निवेशकों की चिंता बढ़ा दी है, जिसका असर घरेलू बाजार पर साफ दिखाई दिया।


